One Hundred and Eight Times
पैठण में गोदावरी से नहाकर लौटते संत एकनाथ पर एक आदमी शर्त जीतने के लिए थूकता है, एकनाथ चुपचाप फिर नहाने लौट जाते हैं, और यह सौ से ज़्यादा बार होता है; सवाल बस इतना है कि पहले कौन टूटेगा।
This is an outline of the story. The full narrative is coming soon.
पैठण में गोदावरी से नहाकर लौटते संत एकनाथ पर एक आदमी शर्त जीतने के लिए थूकता है, एकनाथ चुपचाप फिर नहाने लौट जाते हैं, और यह सौ से ज़्यादा बार होता है; सवाल बस इतना है कि पहले कौन टूटेगा।
Tradition & source notes
महाराष्ट्र की वारकरी लोक-परंपरा; महीपति का भक्तलीलामृत; एकनाथी भागवत और भारूड
