The Night the King Could Not Sleep
कल सुबह संजय सभा में पांडवों का संदेश सुनाने वाला है, और आज रात अंधे राजा धृतराष्ट्र की आँखों से नींद ग़ायब है; वह आधी रात विदुर को बुलवाता है, और पूरी रात विदुर उसे वह सब कहते हैं जो वह सुनना नहीं चाहता, जबकि महल के बाहर युद्ध की आहट बढ़ती जाती है।
This is an outline of the story. The full narrative is coming soon.
कल सुबह संजय सभा में पांडवों का संदेश सुनाने वाला है, और आज रात अंधे राजा धृतराष्ट्र की आँखों से नींद ग़ायब है; वह आधी रात विदुर को बुलवाता है, और पूरी रात विदुर उसे वह सब कहते हैं जो वह सुनना नहीं चाहता, जबकि महल के बाहर युद्ध की आहट बढ़ती जाती है।
Tradition & source notes
महाभारत, उद्योग पर्व, प्रजागर पर्व (विदुर नीति), अध्याय 33–40
